नहीं रहे Lalu-Nitish के पुराने साथी Sharad Yadav. कैसा रहा इनका राजनीतिक सफर? किस-किस ने जताया दु:ख?

Publish Date: 13 Jan, 2023 |
 

जेडीयू के पूर्व अध्यक्ष शरद यादव का 75 साल की उम्र में निधन हो गया। उनकी मौत की खबर उनकी बेटी ने सोशल मीडिया पर दी थी। शरद यादव का निधन रात को गुरुग्राम के फोर्टिस अस्पताल में कार्डियक अरेस्ट से हुआ। 

पैतृक गांव में होगा अंतिम संस्कार

शरद यादव का अंतिम संस्कार उनके पैतृक गांव मध्य प्रदेश के होशंगाबाद के बंदाई गांव में होगा। आज उनके पार्थिव शरीर को उनके दिल्ली स्थित आवास पर अंतिम दर्शन के लिए रखा जाएगा। उसके बाद कल यानि 14 जनवरी को उनकी अंतिम विदाई उनके पैतृक गांव में ही होगी।

शरद यादव छात्र नेता के रूप में राजनीति में उतरे 

शरद यादव  ने छात्र नेता के रूप में की राजनीतिक करियर की शुरुआत की। वह छात्र नेता के तौर पर राजनीति में सक्रिय रहे और साल 1971 में इंजीनियरिंग की पढ़ाई के दौरान जबलपुर इंजीनियरिंग कॉलेज में छात्र संघ के अध्यक्ष चुने गए। शरद यादव नीतीश कुमार के गुरु थे। शरद यादव केंद्रीय मंत्री तो थे ही वह 13 साल जेडीयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष भी बने रहे। उनकी राजनीति पर अच्छी पकड़ थी। लालू यादव ने भी शरद यादव की मृत्यु पर शोक व्यक्त किया है  उन्होंने सिंगापुर से वीडियो मैसेज जारी कर कहा कि कई मौकों पर हम एक-दूसरे से लड़े, लेकिन हमारी असहमति ने कभी भी कड़वाहट पैदा नहीं की 

 

Related videos

यह भी पढ़ें

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.Accept